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सपनो का मर जाना

सपनों का मर जाना
वाकई बहुत खतरनाक होता है 

वह भी ऐसे समय में 
जब बडे़ मुश्किल से 
तितली संभाल रही हैं 
अपने रंगों का साम्राज्य

निर्माण हो रहा है मुश्किल 
से गर्भ में शिशु 
और जद्दोजहद करके 
नदी बना रही हैं 
अपना रास्ता 

बहुत कठिनाइयों से 
वृक्ष बचा रहे हैं अपनी उम्र
कुल्हाड़ियों के मालिकों से 

वाकई समय बहुत खतरनाक हैं 
जब केंचुए के पीठ पर 
दांत उग रहे हैं 
और ऐसे समय में 
सपनों का मर जाना 
समस्त सृष्टि का कालांतर में 
धीरे-धीरे अपाहिज हो जाना है

टिप्पणियाँ

  1. जी नमस्ते ,
    आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल सोमवार(१०-१० -२०२२ ) को 'निर्माण हो रहा है मुश्किल '(चर्चा अंक-४५७७) पर भी होगी।
    आप भी सादर आमंत्रित है।
    सादर

    जवाब देंहटाएं
  2. सपनों का मर जाना
    समस्त सृष्टि का कालांतर में
    धीरे-धीरे अपाहिज हो जाना है
    .. मानवीय संवेदना का हृदयस्पर्शी चिंतन ।

    जवाब देंहटाएं
  3. गूढ़ अर्थ लिए बहुत ही हृदयस्पर्शी रचना।

    जवाब देंहटाएं
  4. स्वप्नों का मर जाना मानो
    जीवन के सारे रस का सूख जाना..
    बहुत अच्छी रचना।
    सादर।

    जवाब देंहटाएं

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